Description

टब कैसे काम करता है?
यह टब फोल्डेबल और आसानी से कहीं भी ले जाया जा सकता है। इसमें थर्मोस्टेट लगा होता है जिससे पानी का तापमान नियंत्रित रखा जाता है। मरीज को टब में बैठाकर हेड डाउन टिल्ट (HDT) पोजीशन में रखा जाता है। साथ में DIP Diet (फल आधारित विशेष डाइट) का पालन करना जरूरी बताया जाता है। पूरा सिस्टम घर पर ही इस्तेमाल किया जा सकता है। इसमें पंप, सेफ्टी बेल्ट और छोटा स्टैंड भी होता है ताकि मरीज आराम से 45-60 मिनट तक टब में बैठ सके।
इसका उद्देश्य और ध्यान देने वाली बात
डॉ. बिस्वरूप के अनुसार इस थेरेपी से क्रिएटिनिन लेवल कम होता है, सूजन घटती है और कई मरीजों को डायलिसिस की जरूरत खत्म हो जाती है। यह किडनी की नेचुरल हीलिंग को बढ़ावा देता है। लेकिन यह मुख्यधारा की एलोपैथिक डायलिसिस (हेमोडायलिसिस या पेरिटोनियल डायलिसिस) नहीं है। यह नेचुरोपैथी आधारित तरीका है। किसी भी नए इलाज को शुरू करने से पहले डॉक्टर से सलाह जरूर लें।
यह Swadeshi Wellness Center पर उपलब्ध है। प्रोसेस समझाने के लिए और सेशन के लिए संपर्क करें।
केसर सिंह – 9250725116
GRAD Dialysis Tub System किडनी, कोलेस्ट्रॉल और डायबिटीज में काम करता है या नहीं?
हाँ, यह मुख्य रूप से किडनी (CKD) के लिए काम करता है। डॉ. बिस्वरूप रॉय चौधरी के अनुसार GRAD System (Gravitational Resistance And Diet) को खासतौर पर क्रॉनिक किडनी डिजीज (CKD) और डायलिसिस वाले मरीजों के लिए बनाया गया है। इसमें हॉट वॉटर इमर्शन (टब थेरेपी), हेड डाउन टिल्ट और DIP Diet का कॉम्बिनेशन इस्तेमाल होता है। उनके दावे के मुताबिक 75% मरीज डायलिसिस से आजाद हो जाते हैं, क्रिएटिनिन कम होता है और किडनी की नेचुरल हीलिंग होती है। यह किडनी फेलियर को रिवर्स करने का मुख्य उद्देश्य रखता है।
डायबिटीज (Diabetes) में भी मदद करता है। GRAD में शामिल DIP Diet (फल-आधारित प्लांट डाइट) डॉ. बिस्वरूप की डायबिटीज रिवर्सल प्रोटोकॉल का हिस्सा है। उनके क्लिनिकल दावों और स्टडी के अनुसार यह ब्लड शुगर कंट्रोल करने, इंसुलिन की जरूरत कम करने और डायबिटीज को मैनेज करने में मदद करता है। कई मरीजों में GRAD अपनाने से डायबिटीज के साथ-साथ किडनी की समस्या भी सुधरी है क्योंकि दोनों बीमारियाँ अक्सर एक-दूसरे से जुड़ी होती हैं।
कोलेस्ट्रॉल (Cholesterol) में अप्रत्यक्ष फायदा हो सकता है। GRAD का DIP Diet प्लांट-बेस्ड और एंटी-इंफ्लेमेटरी है, जो शरीर के ओवरऑल मेटाबॉलिज्म को सुधारता है। डॉ. बिस्वरूप के प्रोटोकॉल में हार्ट डिजीज और कोलेस्ट्रॉल से जुड़ी समस्याओं में भी सुधार देखा गया है (क्योंकि डाइट से फैट और सूजन कम होती है)। लेकिन यह कोलेस्ट्रॉल का डायरेक्ट इलाज नहीं है। मुख्य फोकस किडनी पर है, कोलेस्ट्रॉल पर फायदा डाइट और थेरेपी के साइड-इफेक्ट के रूप में आता है।
ध्यान दें: ये सभी दावे डॉ. बिस्वरूप रॉय चौधरी और उनके Swadeshi Wellness Center / HIIMS जैसे संस्थानों के हैं। यह मेनस्ट्रीम मेडिकल ट्रीटमेंट नहीं है।







Reviews
There are no reviews yet.